मन मेरा नीत चपल चंचल ईत उत हर पल भटकनतेरे चरण,शरण आई प्रभुजी रखियो मन तेरे जाप मा अटकनबिनती इतनी लेकर आज आई हूँ प्रभुजी तेरे द्वार रहोगे ना मेरे संग सदाआओगे ना मेरी सुन के पुकार